Report -Shameem Ahmad
सहारनपुर का मान बढ़ाएंगे पार्षद मंसूर बदर, मुंबई में HUM LIT AWARD 2026 से होंगे सम्मानित।
सहारनपुर के लिए एक और गौरवपूर्ण उपलब्धि सामने आई है। नगर निगम के पार्षद एवं कार्यकारिणी सदस्य मंसूर बदर को उर्दू अदब और साहित्य की खिदमत के लिए मुंबई में प्रतिष्ठित HUM LIT AWARD 2026 से नवाजा जाएगा। इस सम्मान के लिए उत्तर प्रदेश से पार्षद मंसूर बदर को विशेष रूप से आमंत्रित किया गया है।
मंसूर बदर का परिवार लंबे समय से उर्दू अदब और साहित्य की खिदमत के लिए जाना जाता है। खान वाड़ा-ए-बदर की जानिब से साहित्यिक और अदबी गतिविधियों को लगातार बढ़ावा दिया जाता रहा है। परिवार की इसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए मंसूर बदर भी मुशायरों और साहित्यिक आयोजनों के माध्यम से उर्दू अदब की सेवा में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।
मंसूर बदर के पिता और सहारनपुर के पूर्व पालिका चेयरमैन मरहूम अय्यूब हसन बदर ने अपने जीवनकाल में करीब 25 ऑल इंडिया मुशायरों का आयोजन कराया था। उनके नक्शे-कदम पर चलते हुए उनके पुत्र मंसूर बदर अब तक करीब 22 मुशायरों का आयोजन करा चुके हैं। इन आयोजनों के जरिए देश के अलग-अलग हिस्सों से आने वाले शायरों और साहित्यकारों को मंच देने का काम किया गया है।
पर्दे के पीछे अदब की खिदमत करने वालों को सम्मान
HUM LIT AWARD 2026 के आयोजन से जुड़े नज़र बिजनौरी, जो स्वयं भी एक बड़े शायर हैं, ने उर्दू अदब की दुनिया में पर्दे के पीछे रहकर साहित्य और मुशायरों की सेवा करने वाली शख्सियतों को सामने लाने की पहल की है। इसी कड़ी में मंसूर बदर को भी उनके साहित्यिक योगदान और अदब की खिदमत के लिए सम्मानित किया जा रहा है।
मुंबई में होने वाले इस प्रतिष्ठित कार्यक्रम में मशहूर शायर, लेखक और कवि जावेद अख्तर के मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होने की बात कही गई है। कार्यक्रम में दुबई और रेख्ता से जुड़े उन लोगों और संस्थाओं को भी आमंत्रित किया गया है, जो मुशायरों और उर्दू साहित्य के बड़े आयोजनों के लिए जाने जाते हैं।
बताया गया है कि प्रिंसिपल कस्टम्स कमिश्नर मुंबई अजय कुमार की ओर से पार्षद मंसूर बदर को इस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया गया है। यह सम्मान न केवल मंसूर बदर के लिए बल्कि सहारनपुर के साहित्य और अदब से जुड़े लोगों के लिए भी खास उपलब्धि माना जा रहा है।
सहारनपुर के लोगों का जताया आभार
HUM LIT AWARD 2026 के लिए चुने जाने पर पार्षद मंसूर बदर ने अहले-सहारनपुर और HUM LIT की पूरी टीम का शुक्रिया अदा किया। उन्होंने कहा कि यह सम्मान उनके लिए व्यक्तिगत खुशी के साथ-साथ सहारनपुर की अदबी और साहित्यिक परंपरा का भी सम्मान है।
मंसूर बदर के सम्मान की खबर सामने आने के बाद सहारनपुर के विभिन्न सामाजिक, साहित्यिक और राजनीतिक क्षेत्रों से जुड़े लोगों ने इसे पूरे जिले के लिए गौरव की बात बताया है।
विभिन्न क्षेत्रों के लोगों ने दी बधाई
इस उपलब्धि पर सहारनपुर के अदब-नवाज मेयर डॉ. अजय कुमार सिंह, नगर आयुक्त IAS शिपू गिरि, जामा मस्जिद कला के जनरल सेक्रेटरी मसूद बदर, प्रमुख समाजसेवी महेंद्र तनेजा, पंजाबी समाज अध्यक्ष पाली कालरा, मौलवी फरीद, पार्षद समीर अंसारी, पार्षद सईद सिद्दीकी, पार्षद इज़हार मंसूरी, पार्षद महमूद हसन, पार्षद गुलज़ेब खान, पार्षद ज़फर अंसारी, पार्षद रईस पप्पू, पार्षद आसिफ अंसारी, पार्षद मेनपाल, पार्षद डॉ. मंसूर, पार्षद राकेश कल्याण, पार्षद राजेंद्र कोहली, पार्षद ज्योति अग्रवाल, उपसभापति मयंक गर्ग, डॉ. मोहन सिंह, डॉ. संजीव मिगलानी, डॉ. रजनीश दहूजा, डॉ. अतुल कुमार जैन, डॉ. राजेश शर्मा, डॉ. त्यागी, शायर दानिश कमाल, शायर अमजद आतिश, शायर महमूद असर, अंतरराष्ट्रीय शायर काशिफ रज़ा, समाजसेवी औसाफ गुड्डू, राव महबूब, नासिर खान, मसरूर बदर, मारूफ बदर, IIA के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष परवीन सदाना, अनिल सदाना, तिरंगा क्लब के उस्मान मलिक, जावेद मलिक और अविनाश शर्मा सहित अनेक लोगों ने इस उपलब्धि को सहारनपुर जिले का गौरव बताया।
साहित्य और अदब की सेवा की लंबी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए मंसूर बदर को मिलने वाला यह सम्मान सहारनपुर की सांस्कृतिक और साहित्यिक पहचान को देश के बड़े मंच पर सामने लाने वाली उपलब्धि के तौर पर देखा जा रहा है।



